
डिजिटल इंडिया के दौर में ठगों ने अब सरकारी योजनाओं को अपना ठगी का जरिया बना लिया है। नया मामला जसवां परागपुर विस क्षेत्र के नलसूहा का है। यहां पीएम आवास योजना के एक फर्जी लिंक पर क्लिक करना व्यक्ति को महंगा पड़ गया है। एक झटके में ही व्यक्ति की जमापूंजी गायब हो गई। ठगों ने न केवल मोबाइल हैक किया, बल्कि बैंक को समय पर सूचना देने के बावजूद करीब सात लाख रुपये की एफडी पर हाथ साफ कर दिया।
नलसूहा निवासी रविकांत ने बताया कि 20 जनवरी को उनके व्हाट्सएप पर पीएम आवास योजना से संबंधित एक लिंक आया था। उन्होंने उत्सुकतावश उस लिंक पर क्लिक किया तो उनका मोबाइल फोन पूरी तरह से हैक हो गया। फोन के असामान्य व्यवहार को भांपते हुए उन्होंने तत्काल अपने देहरा स्थित निजी बैंक के अधिकारियों से संपर्क किया और सुरक्षा के लिहाज से अपने खाते को फ्रीज करने की गुहार लगाई। उनका आरोप है कि बैंक प्रबंधन को पहले ही सूचित कर दिया था कि उनका फोन हैक हो चुका है, बावजूद इसके बैंक अधिकारियों ने खाते को सुरक्षित करने में ढिलाई बरती।
किन्हीं कारणों से सिम बंद होने की वजह से उन्हें बैंक ट्रांजेक्शन के अलर्ट मैसेज भी नहीं मिल सके। जब दो दिन बाद फोन और सिम चालू हुए तो मोबाइल पर मैसेज था कि सात लाख ब्याज सहित की एफडी तोड़कर राशि निकाल ली गई है। रविकांत का कहना है कि बैंक के पास संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा है।
बैंक की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए रविकांत ने अब न्याय के लिए एसपी देहरा और साइबर क्राइम सेल में लिखित शिकायत दर्ज करवाई है। एसपी देहरा मयंक चौधरी ने शिकायत मिलने की पुष्टि की है।
ठगी से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
व्हाट्सएप या एसएमएस पर आए किसी भी लुभावने लिंक (जैसे फ्री आवास, लॉटरी या बिजली बिल) पर क्लिक न करें। यदि फोन हैक हो जाए, तो सिर्फ कॉल नहीं, बल्कि बैंक में जाकर लिखित में खाता ब्लॉक करवाएं।
सिरमौर में एटीएम कार्ड बदलकर खाते से निकाले 50 हजार रुपये
गिरिपार क्षेत्र निवासी व्यक्ति को शातिर गिरोह ने ठगी का शिकार बनाया है। पैसे निकालते समय एटीएम कार्ड को बदल लिया। इसके बाद खाते से 50 हजार नकदी निकाल ली। शिकायत मिलने पर पुलिस थाना पांवटा साहिब की टीम ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
मिली जानकारी के अनुसार गिरिपार के ग्राम कांटी मशवा के निवासी गुमान सिंह पैसे निकालने के लिए एटीएम गए थे। बद्रीपुर जामनीवाला के समीप एटीएम में पैसे निकालते वक्त दो व्यक्ति आ गए। पैसे निकालते वक्त पिन नंबर देखने लगे। दोनों ने इस दौरान एटीएम कार्ड बदल लिया। इसके बाद तुरंत वहां से भाग गए। गुमान सिंह ठगी की आशंका सोचते हुए बचत खाता बंद करवाने बैंक पहुंचे। इसी बीच खाते से 50 हजार निकाल लिए गए। एसपी एनएस नेगी ने मामले की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि शिकायत मिलने पर मामले में जांच शुरू कर दी गई है।
