पूर्व मंत्री एवं भाजपा विधायक सुधीर शर्मा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो धर्मशाला में पेश हुए। मंगलवार को सुबह 11:50 पर सुधीर शर्मा विजिलेंस के समक्ष पेश होने के लिए धर्मशाला पहुंचे। धर्मशाला पहुंचकर सबसे पहले उन्होंने हनुमान मंदिर में शीश नवाया। इसके बाद वह विजिलेंस थाना की ओर रवाना हुए। थाना जाने से पूर्व विधायक ने मीडिया से बातचीत में कहा कि जितने तथ्य विजिलेंस ने मांगे हैं, उससे कहीं अधिक तथ्य लेकर वह पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि धर्मशाला में उनकी पेशी के दौरान भारी संख्या में पहुंची कार्यकर्ताओं की भीड़ उनके प्रति प्यार को दर्शाती है।
उन्होंने कहा कि वह विजिलेंस जांच में पूरा सहयोग करेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री पर आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र गुट को लगातार टारगेट कर रहे हैं। उधर, विजिलेंस थाना धर्मशाला पूरी तरह से पुलिस छावनी में तब्दील हो गया। विजिलेंस थाना क्षेत्र के आसपास चार विभिन्न स्थानों पर पुलिस बैरिकेड्स लगाए गए, जबकि जगह-जगह पुलिस के जवान तैनात रहे। इस दौरान थाने के बाहर भाजपा के कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ता काली पट्टियां लगाकर पहुंचे। साथ ही हनुमान मंदिर में हवन यज्ञ का भी आयोजन किया जा गया।
बता दें, विजिलेंस की ओर से विधायक को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज मामले में जांच में शामिल होने को लेकर नोटिस जारी कर 13 अगस्त को ब्यूरो कार्यालय पहुंचने के लिए कहा गया था। इस दौरान उनके कार्यालय की ओर से बताया गया था कि विधायक शहर से बाहर हैं और 18 अगस्त को पहुंचेंगे। थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो धर्मशाला में 29 जुलाई 2026 को प्राथमिकी संख्या 0006/2026 दर्ज की गई है।
प्राथमिकी भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज है। जांच अधिकारी की ओर से विधायक से आयकर रिटर्न में दर्शाई गई 70,84,858 रुपये की राशि के स्रोत से संबंधित दस्तावेज, जमीन की बिक्री से प्राप्त 74,07,000 रुपये से जुड़े मूल दस्तावेज, बिक्री विलेख, बैंक लेनदेन और धन हस्तांतरण का ब्योरा मांगा है। इसके अलावा रक्कड़ में निर्माणाधीन बहुमंजिला आवासीय भवन से संबंधित बिल, वाउचर, निर्माण खाते, भुगतान रिकॉर्ड, नक्शे और अन्य दस्तावेज, ठेकेदारों के नाम, पते और संपर्क विवरण उपलब्ध करवाने सहित अन्य जानकारी मांगी है।
