
हिमाचल प्रदेश में बदले मौसम के बीच बुधवार को शिकारी देवी, रोहतांग टनल, कुफरी धौलाधार, नारकंडा, कोटखाई सहित ऊपरी शिमला, लाहौल-स्पीति, चंबा, कांगड़ा, सिरमौर, किन्नौर और कुल्लू के ऊंचाई वाले रिहायशी क्षेत्रों में बर्फबारी हुई है। राजधानी शिमला सहित अधिकांश जिलों में मंगलवार शाम से बुधवार दोपहर तक झमाझम बारिश का दौर जारी रहा। शिमला में देर रात भारी ओलावृष्टि भी हुई।
अप्रैल में बर्फबारी से शिमला समेत प्रदेश के कई इलाके ठंड से कांप गए हैं। अधिकतम तापमान में 12 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई है। न्यूनतम तापमान भी सामान्य से 2.1 डिग्री नीचे चला गया है। 24 घंटों के दौरान प्रदेश में सामान्य से 853 फीसदी अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। बारिश- बर्फबारी से दो एनएच आनी-कुल्लू, मनाली-लेह समेत 75 सड़कें व 884 बिजली ट्रांसफर बंद हो गए हैं।
उधर, सिरमौर जिले के कई क्षेत्रों में बुधवार को बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई। चंबा में किलाड़-कुल्लू सड़क बंद होने के कारण इलाज के लिए नेरचौक मंडी आ रहे बुजुर्ग की ह्दयघात से मौत हो गई। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार कुफरी में दो साल बाद अप्रैल में बर्फ गिरी। इससे पहले साल 2024 में अप्रैल के पहले सप्ताह में बर्फबारी हुई थी। प्रदेश में ठंड के चलते अप्रैल में दिसंबर का मौसम बन गया है। मनाली-केलांग मार्ग पर सोलंगनाला से आगे केवल फोर बाई फोर वाहनों को ही जाने की अनुमति दी गई, जबकि अन्य वाहनों को रोक दिया गया। पर्यटक फोर बाई फोर वाहनों से अटल टनल पहुंचे।
भरमौर-पांगी क्षेत्र की ऊंची चोटियों पर 12.7 सेंटीमीटर से लेकर एक फीट तक बर्फबारी हुई है। लक्कड़मंडी, तीसा, पौलहाणी माता मंदिर के आसपास भी हल्की बर्फबारी दर्ज की गई। मंडी जिले की सराज घाटी अप्रैल में भी बर्फ से लकदक हो गई है। वहीं, कांगड़ा जिले में मंगलवार रात से शुरू हुई बारिश का दौर बुधवार को भी जारी रहा। धौलाधार, त्रियुंड और हिमानी चामुंडा की पहाड़ियों पर बर्फबारी से ठंड का असर बढ़ गया है। धर्मशाला में घना कोहरा छाया रहा, जिससे वाहन चालकों को दिन में भी लाइट जला सफर करना पड़ा।
5 जिलों में आज अंधड़-ओलावृष्टि का अलर्ट
हिमाचल के पांच जिलों चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला के कई क्षेत्रों में वीरवार को अंधड़ और ओलावृष्टि का येलो अलर्ट जारी हुआ है। अन्य जिलों में भी मौसम खराब रहने की संभावना है। शुक्रवार को उच्च पर्वतीय जिलों किन्नौर और लाहौल-स्पीति में बारिश-बर्फबारी के आसार हैं। अन्य क्षेत्रों में मौसम साफ रहेगा। 11 और 12 अप्रैल को मध्य एवं उच्च पर्वतीय आठ जिलों में बारिश का पूर्वानुमान है। मैदानी जिलों ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर और कांगड़ा में धूप खिलने के आसार हैं। 13 अप्रैल से प्रदेश में मौसम साफ रहने की संभावना है।
बर्फबारी (सेमी में)
| शिकारी देवी | 70 |
| रोहतांग दर्रा | 30 |
| शैटाधार | 40 |
| मगरूगला | 15 |
| जलोड़ी दर्रा | 30 |
बारिश (मिमी में)
| सोलन | 54 |
| कांगड़ा | 45 |
| बिलासपुर | 34 |
| मंडी | 32 |
| ऊना | 31 |
| शिमला | 29 |
बेमौसमी बर्फबारी-बारिश से सेब-गेहूं की फसल पर संकट
असमय बर्फबारी और बारिश से सेब, गेहूं, आम लीची समेत अन्य फसलों को नुकसान हो रहा है। विशेषकर सेब की फसल पर असर पड़ा है। इन दिनों फ्लावरिंग और सेटिंग का महत्वपूर्ण चरण चल रहा है, जिसमें 22 से 25 डिग्री सेल्सियस तापमान अनुकूल माना जाता है, लेकिन बर्फबारी और लगातार बारिश से तापमान में गिरावट आई है।
