चिंता बढ़ाने वाला मामला—‘जीना नहीं चाहता’ लिखकर लापता हुआ एम्स का डॉक्टर, रातभर चले सर्च ऑपरेशन के बाद सुरक्षित मिला

Spread the love

एम्स बिलासपुर में उस वक्त अफरातफरी मच गई, जब संस्थान के एक विभाग में कार्यरत एक जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गया। डॉक्टर ने जाने से पहले एक सुसाइड नोट छोड़ा था। इसमें उन्होंने अपनी जीवनलीला समाप्त करने और न ढूंढने की बात लिखी थी। इस घटना के बाद पूरी रात पुलिस और एम्स प्रशासन की सांसें अटकी रहीं, लेकिन बाद में डॉक्टर के सुरक्षित घर पहुंचने की खबर से राहत मिली।

जानकारी के अनुसार पानीपत के उक्त जेआर ने एम्स में हाल ही में ड्यूटी ज्वाइन की थी। गायब होने से पहले उन्होंने एक नोट छोड़ा, जिसमें लिखा था मैं अब और जीना नहीं चाहता हूं और मैं यहां से जा रहा हूं। मुझे ढूंढने की कोशिश न की जाए। सनसनी तब और बढ़ गई, जब पता चला कि डॉक्टर अपना मोबाइल फोन और अन्य सभी निजी सामान भी अस्पताल परिसर में ही छोड़ गया था। डॉक्टर के अचानक गायब होने और सुसाइड नोट मिलने की सूचना मिलते ही एम्स प्रशासन ने तुरंत पुलिस को सूचित किया। पुलिस टीम और एम्स सुरक्षा कर्मी सक्रिय हो गए। पूरी रात अस्पताल के कोने-कोने में और बाहर सड़क पर तलाशी अभियान चलाया गया।

सीसीटीवी फुटेज की जांच में डॉक्टर सुबह करीब 8:30 बजे अस्पताल के गेट से बाहर सड़क की ओर जाता हुआ दिखाई दिया। बताया जा रहा है कि वह अपनी गाड़ी लेकर निकला था। सूचना मिलते ही डॉक्टर के माता-पिता भी देर रात पानीपत से बिलासपुर पहुंच गए थे और पुलिस के साथ मिलकर अपने बेटे की तलाश करते रहे। इस मामले में एक महत्वपूर्ण तथ्य यह सामने आया है कि उक्त जेआर पहले से ही मानसिक अस्वस्थता से जूझ रहे थे। पूरी रात चली सघन तलाश के बाद सोमवार सुबह राहत भरी खबर आई।

एम्स के जेआर के सुसाइड नोट की शिकायत मिलने के बाद पुलिस टीम एम्स पहुंची। एम्स प्रबंधन के साथ टीम ने रातभर पुलिस ने सर्च अभियान चलाया। लेकिन सुबह पता चला कि डॉक्टर सुरक्षित घर पहुंच गया है। उसके माता-पिता पुलिस के साथ ही थे, जब यह सूचना मिली। वह सुरक्षित है।- संदीप धवल,एसपी बिलासपुर

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *