
जनजातीय जिला किन्नौर में पहाड़ लगातार कमजोर होते जा रहे हैं। मंगलवार को जिले के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र उरनी में सतलुज नदी पर लगा 190 फीट लंबा बेली ब्रिज टूटकर सतलुज नदी में जा गिरा गया। आपदा प्रभावित उरनी ढांक में यह पुल करीब 10 साल पहले बनाया गया था। वहीं, एनएचएआई का आरोप है कि पुल से गुजर रहे ओवरलोड डंपर के कारण यह हादसा पेश आया और पुल क्षतिग्रस्त हो गया। इस हादसे में डंपर चला रहा चालक भी बुरी तरह से डंपर के भीतर फंस गया था, जिसे कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया।
चालक सुरक्षित बताया जा रहा है। किन्नौर जिले के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र उरनी ढांक में मंगलवार सुबह सतलुज नदी पर बना बेली ब्रिज अचानक टूट गया। मंगलवार पूर्वाह्न 11 बजे जब एक रेत से लदा ओवरलोड डंपर पुल पार कर रहा था, तो अचानक यह हादसा पेश आया। पुल क्षतिग्रस्त होने की जोरदार आवाज से क्षेत्र गूंज उठा।
पुल क्षतिग्रस्त होकर सतलुज नदी के किनारे जा गिरा। वर्ष 2016 में भूस्खलन प्रभावित उरनी ढांक में नेशनल हाईवे-पांच के विकल्प के तौर पर इस पुल का निर्माण किया गया था। सतलुज नदी पर बना यह बेली ब्रिज एनएच से सतलुज पार एक वैकल्पिक सड़क को जोड़ता है, जो यहां से आगे चोलिंग पुल के पास पहुंचती है। चोलिंग का पुल एनएच-पांच को जोड़ता है।
एनएचएआई को करोड़ों की क्षति: पुलिस थाना टापरी से पुलिस का दल मौके पर पहुंचा और जांच में जुट गया। उरनी ढांक में करीब एक दशक पूर्व भारी भूस्खलन होने का सिलसिला चल रहा था, जिसे देखते हुए एनएचएआई ने यहां सतलुज नदी पर उरनी ढांक और चोलिंग में दो पुलों का निर्माण किया था। उरनी ढांक से सतलुज नदी के पार वैकल्पिक सड़क का निर्माण किया गया है, जो आगे चोलिंग पुल को जोड़ती है। इस घटना के एनएचएआई को करोड़ों की क्षति पहुंची है।
सतलुज नदी पर बना 190 फीट लंबा बेली ब्रिज टूट गया है। पुल के दोनों ओर ओवरलोड वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाने को लेकर चेतावनी बोर्ड भी लगाए गए हैं। रेत से लदे ओवरलोड डंपर के कारण यह हादसा पेश आया है, जिसमें करोड़ों के नुकसान का अनुमान है। – उमेश लारजू, सहायक अभियंता, एनएचएआई भावानग
किन्नौर जिले के उरनी क्षेत्र में सतलुज नदी पर बना बेली ब्रिज टूटने का सीसीटीवी वीडियो सामने आया है। वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि जैसे ही रेत से लदा एक ओवरलोड डंपर पुल पर पहुंचता है, कुछ ही सेकेंड में पूरा पुल भरभराकर सतलुज नदी में गिर जाता है।
हादसा मंगलवार सुबह करीब 11 बजे भूस्खलन प्रभावित चोलिंग क्षेत्र में हुआ। पुल टूटने के साथ डंपर भी नीचे जा गिरा। हादसे में चालक को हल्की चोटें आईं, जिसे स्थानीय लोगों ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
यह बेली ब्रिज राष्ट्रीय राजमार्ग-5 के वैकल्पिक मार्ग के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा था। पुल टूटने के बाद प्रशासन ने एहतियात के तौर पर इस मार्ग पर वाहनों की आवाजाही रोक दी है। हालांकि मुख्य एनएच-5 पर यातायात सामान्य रूप से जारी है।
एनएचएआई के अधिकारियों के अनुसार पुल पर ओवरलोड वाहनों के प्रवेश पर पहले से रोक थी और चेतावनी बोर्ड भी लगाए गए थे। प्रारंभिक जांच में ओवरलोड डंपर के कारण पुल टूटने की आशंका जताई गई है। घटना के बाद प्रशासन और संबंधित विभाग मामले की जांच में जुट गए हैं।
