
सज-धजकर और सेहरा बांधे दूल्हा बरातियों के साथ गाड़ी में दुल्हन के घर पहुंचा, लेकिन उसे न तो दुल्हन मिली और न ही दुल्हन का घर। हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के हरोली क्षेत्र के सिंगा गांव में मंगलवार को एक युवक की शादी से जुड़ा बेहद अजीबोगरीब मामला सामने आया। सुबह के समय कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र के एक गांव से बराती गाड़ियों में सवार होकर सिंगा गांव पहुंचे। सिंगा के ग्रामीण भी बरात आती देख सोच में पड़ गए। बरातियों ने ग्रामीणों से पूछा कि यहां शादी वाला घर कौन सा है। लोगों ने कहा कि यहां तो कोई शादी नहीं है। यह सुनकर दूल्हा पक्ष के लोग विश्वास नहीं कर पाए। उन्होंने दुल्हन की फोटो दिखाई तो ग्रामीणों ने साफ कहा कि यह लड़की तो हमारे गांव की नहीं है। यह सुनकर सभी के होश उड़ गए। अब ये मामला शांत होता नहीं दिख रहा है। मामले में ग्राम पंचायत ने बड़ा फैसला लिया है।
पंचायत ने लिया ये फैसला
इस मामले में रिश्ता करवाने वाली महिला की ओर से दूल्हा परिवार को धोखे में रखने की बात सामने आई है। एक ओर जहां थाना सदर पुलिस ने मामला सुलझाने को लेकर दोनों पक्षों से बातचीत करने पर जोर दिया, तो दूसरी ओर स्थानीय पंचायत ने मामले में आरोपी बिचौलिया महिला को सबक सिखाने का फैसला किया है। जानकारी के अनुसार दूल्हा बंगाणा के नारी गांव का निवासी है। पंचायत प्रधान राम कुमार ने बताया कि बेशक पुलिस की ओर से मामले को शांत करने का प्रयास किया गया। हम पुलिस की कार्यशैली का समर्थन करते हैं। लेकिन गांव में एक महिला की धोखेबाजी ने पूरा माहौल खराब किया गया है। दूल्हा पक्ष ने शादी का पूरा खर्च रीति-रिवाज से किया। कहा कि दूल्हा पक्ष ने शादी पर 5.86 लाख रुपये का खर्च किया। राम कुमार ने कहा कि पंचायत ने फैसला किया है कि आरोपी महिला शादी में हुए खर्च की पूरी राशि दूल्हा पक्ष को देगी। इसके साथ पूरा गांव उस आरोपी महिला का बहिष्कार करेगा। उन्होंने कहा कि हमारी कोशिश तो यह है कि आरोपी महिला को गांव के बाहर निकाला जाए। उन्होंने कहा कि महिला पहले भी धोखाधड़ी मामलों में आरोपी रही है। इससे पूरे गांव का माहौल खराब हो रहा है।
क्या है पूरा मामला मामला
बता दें, मंगलवार सुबह के समय कुटलैहड़ विस क्षेत्र के नारी गांव से बरात सिंगा गांव पहुंची। इस दौरान ग्रामीण भी बरात आती देख सोच में पड़ गए। ग्रामीणों ने दूल्हा पक्ष से पूछा कि आपको कहां जाना है। इसपर बरातियों ने भी पूछा कि यहां शादी वाला घर कौन सा है। इसपर ग्रामीणों ने कहा कि यहां तो कोई शादी नहीं है। यह सुनकर दूल्हा पक्ष के लोग विश्वास नहीं कर पाए। उन्होंने दूल्हन की फोटो दिखाई तो ग्रामीणों ने साफ कहा कि यह लड़की उनके गांव की नहीं है। यह सुनकर सभी के होश उड़ गए। वहीं शादी का रिश्ता करवाने वाली बिचौलिया नारी गांव की महिला भी गाड़ी से उतरी और तेवर दिखाते हुए कहा कि शादी इसी गांव में है। मैं लड़की के घर का पता करके आती हूं। यह बहाना बनाकर महिला अपने पति के साथ गाड़ी में सवार होकर फरार हो गई। जब महिला काफी समय तक वापस नहीं आई तो ग्रामीणों के साथ बरातियों को भी शक हुआ।
एसपी ने ये कहा
महिला को फोन लगाया तो उसने कहा कि लड़की ने कोई जहरीला पदार्थ खा लिया और वह पंजाब के नवांशहर अस्पताल जा रही है। इसपर शक और गहरा गया और कुछ लोगों ने दूसरी गाड़ी में रवारा होकर महिला को पकड़ा और वापस सिंगा गांव लेकर आए। इसके बाद बरातियों और महिला का विवाद गहराता देख मौके पर स्थानीय पंचायत के प्रतिनिधि और पुलिसकर्मी भी पहुंचे। इसके बाद बरातियों को पंचायत घर ले जाया गया। शाम पांच बजे पुलिस ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर थाना सदर पुलिस के पास भेजा। लेकिन देर शाम तक दूल्हा पक्ष नहीं पहुंचा। जबकि आरोपी महिलाऔर उसका पति रात को थाना सदर में पेश हुए। पुलिस अधीक्षक राकेश सिंह ने कहा कि पुलिस मामले पर नजर बनाए हुए हैं। दोनों पक्षों की ओर से बयान दर्ज किए गए हैं। आगामी जांच जारी है